हिंसा की रिपोर्टिंग

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हिंसा की घटना की रिपोर्ट पुलिस को कैसे करें :

 

  • आपात स्थिति में 100 नम्बर पर डायल करें ।
  • अन्य मामलों में, नज़दीकी पुलिस स्टेशन पर एफआईआर दर्ज कराएं । एफआईआर प्रथम सूचना रिपोर्ट होती है, जो उस व्यक्ति द्वारा दी जाती है, जिसे अपराध के घटित होने की जानकारी होती है ।
  • यह रिपोर्ट पीड़िता, अपराध के साक्षी, पुलिस अधिकारी अथवा अपराध की जानकारी रखने वाले किसी भी व्यक्ति द्वारा दर्ज कराई जा सकती है ।.
  • एफआईआर दर्ज हो जाने के पश्चात, पुलिस मामले की जांच करने के लिए बाध्य है ।
  • कोई भी पुलिस अधिकारी एफआईआर दर्ज करने से मना नहीं कर सकता, चाहे अपराध उसके पुलिस स्टेशन के कार्यक्षेत्र से बाहर ही क्यों न हुआ हो । वह एफआईआर दर्ज करने और संबंधित पुलिस स्टेशन को भेजने के लिए बाध्य है (इसे ज़ीरो एफआईआर कहा जाता है) ।
  • एफआईआर दर्ज कराने के लिए पुलिस अधिकारी को मौखिक अथवा लिखित सूचना दी जा सकती है । पुलिस अधिकारी आपके बयान के अनुसार उस सूचना को सरल भाषा में लिखेगा ।
  • यदि कोई पीड़िता स्वयं भारतीय दंड संहिता की धारा 326ए, 326बी, 354, 354बी 370ए, 376, 376ए, 376बी, 376सी, 376डी, 376ई अथवा 509 के तहत महिला के साथ हुए यौन अपराध की एफआईआर दर्ज कराती है तो उसे महिला पुलिस अधिकारी अथवा महिला अधिकारी द्वारा दर्ज किया जाना चाहिए । यदि पीड़िता मानसिक अथवा शारीरिक रूप से अक्षम है (चाहे अस्थायी तौर पर) तो एफआईआर किसी दुभाषिया/विशेष शिक्षक की उपस्थिति में महिला के निवास स्थान अथवा उसकी पसंद के किसी स्थान पर दर्ज की जानी चाहिए और उसका वीडियो भी बनाया जाना चाहिए ।
  • एफआईआर की एक प्रति सूचना देने वाले को नि:शुल्क दी जाएगी ।

 

यदि पुलिस एफआईआर दर्ज करने से मना करे तो?

  • अपराध के बारे में सूचना पंजीकृत डाक से जिला पुलिस अधीक्षक को भेजे । यदि सूचना में किसी संज्ञेय अपराध होने की जानकारी होगी तो पुलिस अधीक्षक मामले की जांच करेंगे अथवा किसी कनिष्ठ अधिकारी द्वारा जांच के आदेश देंगे ।
  • यदि पुलिस अधीक्षक कार्रवाई नहीं करते हैं तो मजिस्ट्रेट से शिकायत करें । मजिस्ट्रेट मामले की जांच कर सकते हैं अथवा पुलिस या किसी अन्य ऐसे व्यक्ति से जिसे वह उपयुक्त समझें, जांच करने के लिए कह सकते हैं ।
  • यदि आप यौन अपराध की पीड़िता हैं तो आप भारतीय दंड संहिता की धारा 166ए(सी) के अधीन संबंधित पुलिस अधिकारी के विरूद्ध अपनी शिकायत दर्ज करने के लिए एफआईआर दर्ज करा सकती हैं ।
  • यदि आपको अपना मामला दर्ज कराने या उसकी जांच कराने में कोई समस्या आती है तो उसका पूरा ब्यौरा min-wcd@nic.inपर ईमेल करें ।